मानकों को ताक पर रखकर कराया जा रहा सीसी रोड निर्माण
शैलेन्द्र बाबू की रिपोर्ट
बलरामपुर जनपद के विकास खण्ड हर्रैय्या सतघरवा अन्तर्गत चौधरीडीह से तुलसीपुर जाने वाले मार्ग मणिपुर बाजार में सीसी रोड में घटिया मटेरियल डालने पर ग्रामीणों में भारी रोष है ।
ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार द्वारा बनाई जा रही सीसी रोड में खराब मटेरियल होने से ग्रामीणों ने पीडब्ल्यूडी जेई से की जिसपर जेई ने बताया कि 15 सेंटीमीटर ऊँचाई होनी चाहिये,,जबकि रोड की ऊँचाई वर्तमान समय में 5 सेंटीमीटर है और जो भी सड़क बनी है उस पर नाले के रेता से बालू लाकर डालकर सड़क का निर्माण कराया जा रहा है ।मणिपुर के ग्रामीणों ने बताया कि कल जेई आये भी थे उन्होंने ठेकेदार से कुछ नही कहा कि रोड में क्यों बालू का इस्तेमाल करते हो लाल मोरंग का इस्तेमाल होने चाहिये।।जबकि खनन पर सरकार रोक लगा रखी है और घर बनाने के लिये बालू नही मिलता हैऔर सड़क बनाने वाले ठेकेदार को इतनी अधिक मात्रा के बालू मिल जा रहा है कहीं न कहीं अधिकारियों की मिली भगत से ऐसे ठेकेदार भ्रस्टाचार में लिप्त है। ऐसे में ठेकेदार द्वारा क्यों इतनी बड़ी लापरवाही बरती जा रही है। बड़ा सवाल ये उठता है कि पीडब्ल्यूडी विभाग को लोक निर्माण विभाग द्वारा करोड़ो का बजट देने के बाद भी जेइ और ठेकेदार मिलकर के खराब रोड बना रहे है जब कि सूबे के मुख्य मंत्री योगी आदित्यनाथ हमेशा कहते है कि यदि कोई भी भी अधिकारी या कर्मचारी भ्रस्टाचार में लिप्त पाया गया उसके ऊपर कड़ी करवाई की जाएगी। अब देखना होगा की क्या ऐसे भरष्ट ठेकेदार और जेई के ऊपर साशन प्रशासन क्या एक्शन लेती है।।
शैलेन्द्र बाबू की रिपोर्ट
बलरामपुर जनपद के विकास खण्ड हर्रैय्या सतघरवा अन्तर्गत चौधरीडीह से तुलसीपुर जाने वाले मार्ग मणिपुर बाजार में सीसी रोड में घटिया मटेरियल डालने पर ग्रामीणों में भारी रोष है ।
ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार द्वारा बनाई जा रही सीसी रोड में खराब मटेरियल होने से ग्रामीणों ने पीडब्ल्यूडी जेई से की जिसपर जेई ने बताया कि 15 सेंटीमीटर ऊँचाई होनी चाहिये,,जबकि रोड की ऊँचाई वर्तमान समय में 5 सेंटीमीटर है और जो भी सड़क बनी है उस पर नाले के रेता से बालू लाकर डालकर सड़क का निर्माण कराया जा रहा है ।मणिपुर के ग्रामीणों ने बताया कि कल जेई आये भी थे उन्होंने ठेकेदार से कुछ नही कहा कि रोड में क्यों बालू का इस्तेमाल करते हो लाल मोरंग का इस्तेमाल होने चाहिये।।जबकि खनन पर सरकार रोक लगा रखी है और घर बनाने के लिये बालू नही मिलता हैऔर सड़क बनाने वाले ठेकेदार को इतनी अधिक मात्रा के बालू मिल जा रहा है कहीं न कहीं अधिकारियों की मिली भगत से ऐसे ठेकेदार भ्रस्टाचार में लिप्त है। ऐसे में ठेकेदार द्वारा क्यों इतनी बड़ी लापरवाही बरती जा रही है। बड़ा सवाल ये उठता है कि पीडब्ल्यूडी विभाग को लोक निर्माण विभाग द्वारा करोड़ो का बजट देने के बाद भी जेइ और ठेकेदार मिलकर के खराब रोड बना रहे है जब कि सूबे के मुख्य मंत्री योगी आदित्यनाथ हमेशा कहते है कि यदि कोई भी भी अधिकारी या कर्मचारी भ्रस्टाचार में लिप्त पाया गया उसके ऊपर कड़ी करवाई की जाएगी। अब देखना होगा की क्या ऐसे भरष्ट ठेकेदार और जेई के ऊपर साशन प्रशासन क्या एक्शन लेती है।।



No comments:
Post a Comment