सोमनाथ सोनकर की रिपोर्ट
बस्ती रेलवे स्टेशन के सामने स्थित सड़क को जहा रेलवे ने पाँच माह पहले तकरीब 11लाख रुपये खर्च कर बनवाया था। वही गुणवत्ता में कमी के चलते टूट जाने से इसी विभाग को दोबारा नौ लाख खर्च इटरलाकिग बनानी पड रही है इससे विभाग की काय प्रणाली पर सवाल उठाने शुरू हो गए हैं सरकारी धन का किस तरह दुरुपयोग होता है इसका नजारा बस्ती रेलवे स्टेशन पर खुलेआम देखा जा सकता है स्टेशन से चीनी मिल रेलवे कासिग तक महज 200मीटर सड़क लंबे समय से जानलेवा गडो में तब्दील हो चुकी थी इसको बनवाने के लिए नगर पालिका व रेलवे में जजोजहज चल रहा था इसी बीच वक विभाग ने 11लाख रूपये से सड़क व नाला निर्माण का प्रस्ताव मुख्यालय को भेज कर स्वीकृत करवा लिया डीएम ने जनहित को देखते हुए रेलवे को निर्माण की अनुमति दे दी मई 2018में सड़क तो बनकर तैयार हो गई लेकिन सड़क के किनारे बसे लोगों ने रेलवे पर अतिक्रमण का आरोप लगाकर नाला निर्माण रुकवा दिया सड़क कुछ इस तरह बनाई गई कि जून से शुरू हुए बरसात ने सूरत ही बिगाड़ दी और सितंबर बीतते बीतते पूरी तरह से बदहाल हो गई यही नहीं रेलवे के दोनों प्रवेश द्वारो पर भीषण जल जमाव की स्थिति बन गई इसी का हवाला देकर वह विभाग ने इटरलाकिग बनाने के लिए 10 लाख 73 हजार रुपये का दोबारा प्रस्ताव भी पास करवा लिया गोडा पर्व के सीनियर एईएन विवेकनदन ने बताया कि पहले आस्थायी सड़क बनने के कारण टूट गई इसलिए स्टेशन के दोनों प्रवेश द्वारो के सामने सड़क दुरुस्त कराई जा रही है
बस्ती रेलवे स्टेशन के सामने स्थित सड़क को जहा रेलवे ने पाँच माह पहले तकरीब 11लाख रुपये खर्च कर बनवाया था। वही गुणवत्ता में कमी के चलते टूट जाने से इसी विभाग को दोबारा नौ लाख खर्च इटरलाकिग बनानी पड रही है इससे विभाग की काय प्रणाली पर सवाल उठाने शुरू हो गए हैं सरकारी धन का किस तरह दुरुपयोग होता है इसका नजारा बस्ती रेलवे स्टेशन पर खुलेआम देखा जा सकता है स्टेशन से चीनी मिल रेलवे कासिग तक महज 200मीटर सड़क लंबे समय से जानलेवा गडो में तब्दील हो चुकी थी इसको बनवाने के लिए नगर पालिका व रेलवे में जजोजहज चल रहा था इसी बीच वक विभाग ने 11लाख रूपये से सड़क व नाला निर्माण का प्रस्ताव मुख्यालय को भेज कर स्वीकृत करवा लिया डीएम ने जनहित को देखते हुए रेलवे को निर्माण की अनुमति दे दी मई 2018में सड़क तो बनकर तैयार हो गई लेकिन सड़क के किनारे बसे लोगों ने रेलवे पर अतिक्रमण का आरोप लगाकर नाला निर्माण रुकवा दिया सड़क कुछ इस तरह बनाई गई कि जून से शुरू हुए बरसात ने सूरत ही बिगाड़ दी और सितंबर बीतते बीतते पूरी तरह से बदहाल हो गई यही नहीं रेलवे के दोनों प्रवेश द्वारो पर भीषण जल जमाव की स्थिति बन गई इसी का हवाला देकर वह विभाग ने इटरलाकिग बनाने के लिए 10 लाख 73 हजार रुपये का दोबारा प्रस्ताव भी पास करवा लिया गोडा पर्व के सीनियर एईएन विवेकनदन ने बताया कि पहले आस्थायी सड़क बनने के कारण टूट गई इसलिए स्टेशन के दोनों प्रवेश द्वारो के सामने सड़क दुरुस्त कराई जा रही है


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